नरसिंहपुर:- आज दिनांक 15/11/2020 दिन रविवार को चीचली ब्लॉक के अन्तर्गत ग्राम पंचायत माल्हनवाडा के वनांचल ग्राम मानेगांव मे जनजाति विकास मंच महाकौशल जिला नरसिंहपुर के द्वारा आज भगवान बिरसा मुंडा जी के जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में जनजाति गौरव दिवस मनाया गया कार्यक्रम की शुरूआत दीप प्रज्वलित करने के बाद सभी पदाधिकारियों ने भगवान बिरसा जी को श्रृद्धा सुमन अर्पित किये तत्पश्चात सभी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने भगवान बिरसा मुंडा जी के जीवन काल पर प्रकाश डाला और सभी ने अपने अपने विचार व्यक्त किये इस कार्यक्रम मे अशोक मर्सकोले जनजातीय विकास परिषद "(जिला अध्यक्ष) नरसिंहपुर, राव उदय सिंह, बसंत जोशी (गाडरवारा), पूनम सिह भार्वे (नरसिंहपुर), मुन्नी लाल कौरव (आडेगांव), हरिनारायण ममार (कौडिया), दशरथ उनकी (सरपंच) ग्राम पंचायत माल्हनवाडा, संगम राय (सरपंच गोटिटोरिया), राजेश उईके, (बनखेडी), तुलाराम उईके (गोलगांव), भगवान दास कुडोपा (तेन्दूखेडा), मोहनलाल धुर्वे (मोहपानी), बाबू धुर्वे (इकलौनी), सचिन मर्सकोले, (माल्हनवाडा) दीपक मालवीय (माल्हनवाडा), रमेश प्रसाद मर्सकोले (माल्हनवाडा) बाबाजी ठाकुर (मानेगांव) व ग्राम के सभी गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे! प्रसाद वितरण के पश्चात कार्यक्रम संपन्न हुआ
आईये समझते हैं क्या है बिरसा मुंडा जी का इतिहास
बिरसा मुंडा का जन्म 15 नवंबर 1875 के दशक में छोटा किसान के गरीब परिवार में हुआ था। मुंडा एक जनजातीय समूह था जो छोटा नागपुर पठार (झारखण्ड) निवासी था। बिरसा जी को 1900 में आदिवासी लोंगो को संगठित देखकर ब्रिटिश सरकार ने आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया तथा उन्हें 2 साल की सजा दी गई थी। और अंत में 9 जून 1900 को लगभग सुबह 8 बजे मे अंग्रेजो द्वारा उन्हें जहर देने के कारण उनकी मौत हो गई।दीपक मालवीय
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